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MY XITIZ POETRY | Page 47 of 48 | Poets Community

बच्ची के जन्म

बच्ची के जन्म क्षितिज उपाध्याय “किशोर” आज अखबार में , यह खबर आई। लोगों ने अपनी, अंगुली चबाई। हंसाती हुई जन्मी, एक बच्ची। देखने में है, बहुत ही अच्छी। लोगों…

“बच्ची” माँ से

“बच्ची” माँ से क्षितिज उपाध्याय “किशोर” मेरा जीवन कोरा कागज का, कोरा न रह जाये। मेरे जन्म से पहले, भ्रूण हत्या न किया जाये। मेरी जन्म बाद ही, आपकी खुशी…

रिश्वतखोरी

रिश्वतखोरी क्षितिज उपाध्याय “किशोर” हर आदमी का बना रिश्वत ईमान क्या, यही है मेरा भारत महान? हर पल असूलों का होता, अपमान जहां सिर्फ भरी, जेब का होता सम्मान। क्या…

उस दिन दुल्हन के लाल जोड़ें में नफरत फैलाया होगा

उस दिन दुल्हन के लाल जोड़ें में नफरत फैलाया होगा क्षितिज उपाध्याय “किशोर” उस दिन दुल्हन के लाल जोड़ें में नफरत फैलाया होगा , टीचर और कुछ सहेलियों ने उसे…